कार्मिक मंत्रालय ने केंद्रीय कर्मियों के MACP के संबंध में स्थिति किया स्पष्ट

कार्मिक मंत्रालय ने केंद्रीय कर्मियों के MACP के संबंध में स्थिति किया स्पष्ट

कार्मिक मंत्रालय ने केंद्रीय कर्मियों के MACP के संबंध में स्थिति किया स्पष्ट

केंद्र सरकार ने सिविलि सेवा के कर्मियों के वित्तीय उन्नयन के बारे में स्थिति स्पष्ट कर दी है। संशोधित सुनिश्चित करियर प्रगति (एमएसीपी) योजना के तहत, पे मैट्रिक्स में 10, 20 एवं 30 साल की नियमित सेवा, या 10 साल की निरंतर सेवा के पूरा होने पर तीन वित्तीय उन्नयन की अनुमति है, जो सीधे प्रवेश की तिथि से गिना जाता है। 7 वें केंद्रीय वेतन आयोग ने सिफारिश की थी कि एमएसीपी को पहले की तरह 10, 20 और 30 साल पर जारी रखा जाना चाहिए।

केन्‍द्रीय कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय ने केंद्र सरकार के सिविल कर्मचारियों के लिए एमएसीपी योजना के बारे में समेकित दिशानिर्देशों और नियमों पर अक्टूबर 2019 में एक कार्यालय ज्ञापन जारी किया था। ओएम में एमएसीपी योजना की विस्तृत रिपोर्ट और योजना के तहत वित्तीय उन्नयन के अनुदान की शर्तों का वर्णन किया गया था।

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सिफारिशों के अनुसार, यह योजना ग्रुप ए के पदों सहित सभी पदों के लिए उपलब्ध होगी चाहे वे पद आईसोलेटेड हों या नहीं। जबकि संगठित समूह A सेवाओं को योजना के तहत शामिल नहीं किया जाएगा। दूसरे शब्दों में, एमएजीपी योजना एचएजी स्तर तक सभी कर्मचारियों के लिए लागू रहेगी, सिर्फ संगठित समूह ए सेवाओं के सदस्यों को छोड़कर। इसके अलावा, ग्रुप बी और ग्रुप सी में केंद्रीय सरकार के नागरिक कर्मचारी एमएसीपी योजना के लिए पात्र होंगे। अस्‍थाई कैजुअल कर्मचारी, और सरकार द्वारा तदर्थ आधार या अनुबंध के आधार पर नियुक्त कर्मचारी योजना के तहत लाभ के लिए पात्र नहीं होंगे।

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MACP दिशानिर्देशों के बारे में कुछ अन्य बिंदु हैं:

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• यह ध्यान योग्‍य है कि एमएसीपी योजना के तहत् वेतन मैट्रिक्स के पदानुक्रम में तत्काल अगले उच्च स्तर पर प्‍लेसमेन्‍ट किया जाना है जैसा कि सीसीएस (संशोधित वेतन) नियमावली, 2016 की अनुसूची ए में दी गई है।
• नए वेतन मैट्रिक्स में, कर्मचारी पदानुक्रम में तत्काल अगले स्तर पर जाएंगे।
• दिशानिर्देशों में यह स्पष्ट रूप से कहा गया है कि एमएसीपी योजना के तहत वेतन निर्धारण के मामले में जूनियर के अधिक वेतन निर्धारण पर वरिष्ठों को वेतन के स्‍टेप-अप का लाभ स्‍वीकार्य नहीं होगा।
• वित्तीय उन्नयन प्रदान किए जाने पर पदनाम, वर्गीकरण या पद की स्थिति में कोई बदलाव नहीं होगा।
• हालांकि, किसी कर्मचारी द्वारा दिए गए वेतन से जुड़े वित्तीय और कुछ अन्य लाभ जैसे कि हाउस बिल्डिंग एडवांस (एचबीए), सरकारी आवास के आवंटन की अनुमति होगी।
• प्रत्येक विभाग में एक स्क्रीनिंग कमेटी होगी जिसमें एक चेयरपर्सन और दो सदस्य होंगे जो कि एमएसीपी योजना के तहत वित्तीय अपग्रेडेशन के लिए मामले पर विचार करेंगे।
• एमएसीपी योजना के तहत पे मैट्रिक्स के लेवल में आहरित वेतन किसी सेवानिवृत्त कर्मचारी के टर्मिनल बेनिफिट का निर्धारण करने के लिए आधार के रूप में लिया जाएगा।

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